Goldy Brar News: गोल्डी बराड़ पर अमेरिका का बड़ा एक्शन, गिरफ्तारी में मदद करने वाले को 48 लाख रुपये का इनाम

एफबीआई ने भारतीय मूल के गैंगस्टर गोल्डी बराड़ की गिरफ्तारी में मददगार सूचना देने वाले के लिए 50 हजार डॉलर के इनाम की घोषणा की। लॉरेंस बिश्नोई गैंग के खिलाफ अमेरिका, कनाडा और यूरोपीय देशों का संयुक्त अभियान भी तेज हो गया है।

Goldy Brar News: भारतीय मूल के कुख्यात गैंगस्टर सतिंदरजीत सिंह उर्फ गोल्डी बराड़ के खिलाफ अमेरिका ने बड़ी कार्रवाई करते हुए उसकी गिरफ्तारी में मदद करने वाले व्यक्ति के लिए 50 हजार अमेरिकी डॉलर यानी लगभग 48 लाख रुपये के इनाम की घोषणा की है। यह फैसला ऐसे समय में लिया गया है जब अमेरिका, कनाडा और यूरोपीय देशों की कानून प्रवर्तन एजेंसियां अंतरराष्ट्रीय संगठित अपराध के खिलाफ संयुक्त अभियान चला रही हैं। गोल्डी बराड़ का नाम लंबे समय से लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़ा रहा है और उस पर कई गंभीर आपराधिक मामलों में शामिल होने के आरोप हैं।

अमेरिकी जांच एजेंसी एफबीआई (Federal Bureau of Investigation) ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट जारी कर बताया कि गोल्डी बराड़ की गिरफ्तारी तक पहुंचाने वाली विश्वसनीय सूचना देने वाले को 50 हजार डॉलर तक का इनाम दिया जाएगा। एजेंसी ने लोगों से अपील की है कि यदि किसी के पास गोल्डी बराड़ की लोकेशन या उससे जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी हो तो वह तुरंत कानून प्रवर्तन एजेंसियों से संपर्क करे। एफबीआई का कहना है कि सूचना देने वाले की पहचान गोपनीय रखी जाएगी।

एफबीआई के अनुसार गोल्डी बराड़ लॉरेंस बिश्नोई के संगठित अपराध नेटवर्क का प्रमुख सदस्य माना जाता है। जांच एजेंसी का दावा है कि वह अमेरिका के दक्षिणी कैलिफोर्निया, कनाडा और अन्य देशों में सक्रिय रहा है। उसके नेटवर्क पर रंगदारी, संगठित अपराध, हथियारों की तस्करी, मादक पदार्थों के कारोबार और कई अन्य गंभीर गतिविधियों में शामिल होने के आरोप हैं। यही वजह है कि अमेरिकी एजेंसियों ने उसके खिलाफ कार्रवाई तेज कर दी है।

एफबीआई ने यह भी जानकारी दी कि एक जुलाई को लॉस एंजिलिस की अदालत ने गोल्डी बराड़ के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया था। अदालत में दायर दस्तावेजों के अनुसार उस पर संगठित अपराध की साजिश, जबरन वसूली, ड्रग्स तस्करी और अवैध गतिविधियों के संचालन जैसे कई गंभीर आरोप लगाए गए हैं। अमेरिकी अधिकारियों का कहना है कि जांच के दौरान उसके नेटवर्क की गतिविधियां अमेरिका, कनाडा, भारत और मेक्सिको तक फैली हुई पाई गई हैं।

इसी बीच अमेरिकी न्याय विभाग ने भी ‘ऑपरेशन हार्ड बॉल’ (Operation Hard Ball) को लेकर महत्वपूर्ण जानकारी साझा की है। विभाग के अनुसार यह संयुक्त अभियान अमेरिका, कनाडा और यूरोपीय देशों की एजेंसियों द्वारा मिलकर चलाया जा रहा है। अभियान का उद्देश्य अंतरराष्ट्रीय संगठित अपराध, ड्रग्स तस्करी, रंगदारी और गैंगस्टर नेटवर्क को खत्म करना है।

न्याय विभाग के मुताबिक इस अभियान के तहत लॉरेंस बिश्नोई, गोल्डी बराड़ और उनके नेटवर्क से जुड़े कुल 37 आरोपियों के खिलाफ तीन संघीय आरोप पत्र दाखिल किए गए हैं। इनमें से 24 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है, जबकि 10 आरोपी अभी भी फरार बताए जा रहे हैं। बाकी आरोपियों के खिलाफ भी जांच और कानूनी कार्रवाई जारी है।

अमेरिकी अभियोजकों ने यह भी आरोप लगाया है कि लॉरेंस बिश्नोई और गोल्डी बराड़ ने वर्ष 2023 में खालिस्तानी अलगाववादी हरदीप सिंह निज्जर की हत्या की साजिश रचने में भूमिका निभाई थी। हालांकि इन आरोपों की न्यायिक प्रक्रिया अभी जारी है और अंतिम निर्णय अदालत द्वारा ही लिया जाएगा। जांच एजेंसियां इस मामले से जुड़े सभी तथ्यों और साक्ष्यों की जांच कर रही हैं।

सुरक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि ऑपरेशन हार्ड बॉल अंतरराष्ट्रीय संगठित अपराध के खिलाफ अब तक के सबसे बड़े अभियानों में से एक है। इस अभियान के जरिए विभिन्न देशों की एजेंसियां मिलकर ऐसे गैंगों के आर्थिक नेटवर्क, हथियारों की सप्लाई, ड्रग्स तस्करी और जबरन वसूली के नेटवर्क को खत्म करने की कोशिश कर रही हैं। इससे सीमा पार संचालित होने वाले अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण की उम्मीद जताई जा रही है।

भारत में भी गोल्डी बराड़ और लॉरेंस बिश्नोई गैंग कई चर्चित मामलों को लेकर जांच एजेंसियों के रडार पर रहे हैं। ऐसे में अमेरिका की यह कार्रवाई अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपराधियों के खिलाफ बढ़ते सहयोग का बड़ा उदाहरण मानी जा रही है। आने वाले दिनों में इस अभियान के तहत और भी गिरफ्तारियां तथा नई जानकारियां सामने आने की संभावना जताई जा रही है।

फिलहाल एफबीआई ने लोगों से अपील की है कि यदि किसी के पास गोल्डी बराड़ के बारे में कोई विश्वसनीय सूचना हो तो वह संबंधित एजेंसियों को उपलब्ध कराए। एजेंसी का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय अपराध नेटवर्क को खत्म करने के लिए जनता का सहयोग भी बेहद महत्वपूर्ण है।

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